नमस्कार दोस्तों।
जी हाँ, मैं जान गया कि इंसान बच्चे पैदा क्यों करते हैं?
बहुमत बच्चे पैदा करने को सही और शुभ मानते हैं। क्या माता-पिता यह समझ कर बच्चे पैदा करते हैं कि हम बच्चे को सुंदर जीवन देना चाहते हैं? नहीं न!
बच्चे पैदा करने में सिर्फ माता- पिता का शुद्ध स्वार्थ होता हैं। उनको बच्चे की खुशी से कोई मतलब नहीं होता हैं, उन्हें सिर्फ उनकी खुशी सर्वोपरि होती हैं।
बच्चा तो आकर नहीं कहता हैं कि मम्मी - पापा मुझे पैदा करो मैं जीवन में आना चाहता हूँ।
क्या बच्चा पैदा में मजा आता हैं? नहीं न! मजा तो प्रेम और सेक्स में आता हैं।
बच्चे पैदा सिर्फ इसलिए करते हैं ताकि -
1.वंश आगे बढे।
2. बुढापे में सेवा के लिए।
3. औरत को समाज बाझं और पुरुष को नपुंसक न कह दे।
4. अपनी संपत्ति का वारिस हो।
ज्यादातर माता-पिता की मृत्यु पहले ही हो जाती हैं, फिर उसके बच्चे को जीवन अकेला गुजरना पङता हैं। यह अभिभावक कभी सोचते हैं कि हम बच्चे पैदा कर रहें हैं तो उसे भी दुख, दर्द, पीङा, दुर्घटना और सुसाइड इत्यादि भी होगा।
हम बच्चे की इच्छा भी नहीं पुछ सकते कि वह जीवन में आना चाहता हैं, हमारे पास कोई विकल्प भी नहीं हैं कि हम उस बच्चे को पुछ सके कि तुम जीवन में आना चाहते हो या नहीं? जब हम उसकी इच्छा नहीं जान सकते तो हमें बच्चे पैदा करने का कोई हक भी नहीं हैं।
बच्चे पैदा करने का कोई फायदा नहीं हैं, स्वाभाविक हैं नुकसान ही हैं। इसलिए बच्चे पैदा मत करो।
Go Child free
लेखक - महेंद्र कुमार
जी हाँ, मैं जान गया कि इंसान बच्चे पैदा क्यों करते हैं?
बहुमत बच्चे पैदा करने को सही और शुभ मानते हैं। क्या माता-पिता यह समझ कर बच्चे पैदा करते हैं कि हम बच्चे को सुंदर जीवन देना चाहते हैं? नहीं न!
बच्चे पैदा करने में सिर्फ माता- पिता का शुद्ध स्वार्थ होता हैं। उनको बच्चे की खुशी से कोई मतलब नहीं होता हैं, उन्हें सिर्फ उनकी खुशी सर्वोपरि होती हैं।
बच्चा तो आकर नहीं कहता हैं कि मम्मी - पापा मुझे पैदा करो मैं जीवन में आना चाहता हूँ।
क्या बच्चा पैदा में मजा आता हैं? नहीं न! मजा तो प्रेम और सेक्स में आता हैं।
बच्चे पैदा सिर्फ इसलिए करते हैं ताकि -
1.वंश आगे बढे।
2. बुढापे में सेवा के लिए।
3. औरत को समाज बाझं और पुरुष को नपुंसक न कह दे।
4. अपनी संपत्ति का वारिस हो।
ज्यादातर माता-पिता की मृत्यु पहले ही हो जाती हैं, फिर उसके बच्चे को जीवन अकेला गुजरना पङता हैं। यह अभिभावक कभी सोचते हैं कि हम बच्चे पैदा कर रहें हैं तो उसे भी दुख, दर्द, पीङा, दुर्घटना और सुसाइड इत्यादि भी होगा।
हम बच्चे की इच्छा भी नहीं पुछ सकते कि वह जीवन में आना चाहता हैं, हमारे पास कोई विकल्प भी नहीं हैं कि हम उस बच्चे को पुछ सके कि तुम जीवन में आना चाहते हो या नहीं? जब हम उसकी इच्छा नहीं जान सकते तो हमें बच्चे पैदा करने का कोई हक भी नहीं हैं।
बच्चे पैदा करने का कोई फायदा नहीं हैं, स्वाभाविक हैं नुकसान ही हैं। इसलिए बच्चे पैदा मत करो।
Go Child free
लेखक - महेंद्र कुमार

Completely agree 😊😊
ReplyDeleteCompletely agree 🤘🏻🤘🏻
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